‘272 सांसद चाहिए, सिर्फ माहौल बनाने से कोई PM नहीं बनता’: कार्ति चिदंबरम ने CM विजय पर कसा तंज

Exposetodaynews:

चेन्नई
 तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और टीवीके प्रमुख सी. जोसेफ विजय को उनके समर्थकों द्वारा राष्ट्रीय राजनीति और प्रधानमंत्री पद के संभावित चेहरे के रूप में पेश किए जाने पर कांग्रेस ने तीखा तंज कसा है. कांग्रेस सांसद कार्ति चिदंबरम ने सोमवार को इन चर्चाओं को सिरे से खारिज करते हुए दो टूक कहा कि देश का प्रधानमंत्री बनने के लिए संसद में कम से कम 272 सांसदों का संख्याबल चाहिए होता है. केवल सोशल मीडिया या समर्थकों द्वारा माहौल बना देने से कोई प्रधानमंत्री की कुर्सी तक नहीं पहुंच जाता। 

दरअसल, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में हुई 31वीं ‘साउदर्न जोनल काउंसिल’ की अहम बैठक में मुख्यमंत्री विजय के शामिल होने के बाद से ही उनके राष्ट्रीय स्तर पर उभरने की अटकलें तेज हो गई थीं. इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कार्ति चिदंबरम ने कहा कि किसी भी क्षेत्रीय या नई राजनीतिक पार्टी के नेतृत्व की राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी महत्वाकांक्षाएं हो सकती हैं, लेकिन लोकतंत्र में कुर्सी का फैसला संसद के आंकड़े ही करते हैं. जब तक आपके पास 272 लोकसभा सीटों का जादुई आंकड़ा या मजबूत गठबंधन नहीं है, तब तक ऐसी बातें केवल ख्याली पुलाव हैं। 

कांग्रेस सांसद कार्ति चिदंबरम ने क्या कहा?
कार्ति चिदंबरम ने TVK के पीएम उम्मीदवार से जुड़े दावे पर कहा कि भारत का प्रधानमंत्री बनने के लिए 272 सांसदों का समर्थन जरूरी है. उनके मुताबिक, किसी भी राजनीतिक दल या गठबंधन के पास अगर 272 सांसदों का समर्थन है तो उस गठबंधन का नेता प्रधानमंत्री बन सकता है. उन्होंने कहा कि TVK एक ऐसी राजनीतिक पार्टी है, जो एक बड़े फिल्म स्टार के इर्द-गिर्द केंद्रित है. इसलिए पार्टी अपने नेता को लेकर अपनी उम्मीदें, सपने और महत्वाकांक्षाएं रख सकती है. कांग्रेस नेता के इस बयान को TVK के उस दावे पर प्रतिक्रिया के तौर पर देखा जा रहा है, जिसमें पार्टी के नेताओं ने विजय को देश के अगले प्रधानमंत्री के रूप में पेश किया है। 

कांग्रेस ने विजय की राजनीति पर साधा निशाना
इससे पहले तमिलनाडु कांग्रेस प्रमुख मणिकम टैगोर भी TVK और विजय की राजनीति पर टिप्पणी कर चुके हैं. उन्होंने कहा था कि TVK के नेता अभी भी फैन क्लब वाली सोच में हैं और ऐसी सोच को बदलना आसान नहीं है. टैगोर ने कहा कि देश की मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों से सभी परिचित हैं. उन्होंने बीजेपी पर निशाना साधते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह पर विपक्ष की शक्तियां कम करने की कोशिश करने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि कांग्रेस बीजेपी से लड़ रही है, लेकिन दोनों की राजनीतिक शैली अलग है। 

कांग्रेस ने फिर दोहराया राहुल गांधी का नाम
कांग्रेस की ओर से लगातार राहुल गांधी को प्रधानमंत्री पद के लिए अपने प्रमुख चेहरे के तौर पर पेश किया जा रहा है. 22 अगस्त को मणिकम टैगोर ने राहुल गांधी का नाम दोहराते हुए तमिलनाडु में NEET को लेकर कांग्रेस की पुरानी स्थिति भी बताई थी. टैगोर ने कहा था कि राज्य को यह तय करने का अधिकार होना चाहिए कि तकनीकी परीक्षाएं किस तरह आयोजित की जाएं. उन्होंने दावा किया कि राहुल गांधी 2019 के कांग्रेस घोषणापत्र में तमिलनाडु को NEET से मुक्त करने के वादे के प्रमुख सूत्रधार थे। 

उनके मुताबिक, राहुल गांधी ने वादा किया था कि दिल्ली में कांग्रेस की सरकार बनने पर तमिलनाडु को NEET से छूट दी जाएगी. टैगोर ने यह भी कहा कि तमिलनाडु को राहुल गांधी के प्रधानमंत्री बनने से पहले ही NEET से छूट मिलनी चाहिए और मेडिकल कॉलेजों में दाखिले का आधार 12वीं के परीक्षा परिणाम होने चाहिए। 

TVK नेताओं ने विजय को बताया अगला प्रधानमंत्री
वहीं, TVK की ओर से विजय को प्रधानमंत्री पद का चेहरा बनाने को लेकर कई बड़े बयान सामने आ चुके हैं. तमिलनाडु सरकार में मंत्री एम. शरतकुमार ने विजय को अगला भारतीय प्रधानमंत्री तक बता दिया था. उन्होंने कहा था कि पार्टी के नेता विजय उनके दिलों और घरों के साथ-साथ सेंट जॉर्ज फोर्ट में भी मुख्यमंत्री हैं और वह अगले भारतीय प्रधानमंत्री हैं. उन्होंने दावा किया कि विजय निश्चित रूप से देश के अगले प्रधानमंत्री बनेंगे। 

दक्षिण भारत से PM बनाने की मांग भी उठी
TVK के एक अन्य नेता आधव अर्जुन ने भी प्रधानमंत्री पद को लेकर दक्षिण भारत की दावेदारी की बात कही थी. उन्होंने कहा था कि मौजूदा राजनीतिक व्यवस्था में पांच या छह उत्तरी राज्यों के एक साथ आने से प्रधानमंत्री चुना जा सकता है. उन्होंने इस व्यवस्था को बदलने की जरूरत बताते हुए कहा था कि भविष्य में प्रधानमंत्री दक्षिणी राज्यों, खासकर तमिलनाडु से चुना जाना चाहिए. विजय को प्रधानमंत्री पद का चेहरा बताए जाने और कांग्रेस की ओर से राहुल गांधी का नाम दोहराए जाने के बीच तमिलनाडु की राजनीति में यह मुद्दा आने वाले दिनों में और चर्चा में रहने की संभावना है। 

चिदंबरम ने कहा, “भारत का प्रधानमंत्री बनने के लिए आपको 272 सांसदों का समर्थन हासिल करना होता है; जो भी गठबंधन या राजनीतिक पार्टी 272 सांसदों का समर्थन जुटा लेती है, उसी गठबंधन या पार्टी का नेता भारत का प्रधानमंत्री बनता है. यह एक ऐसी राजनीतिक पार्टी है जो एक बहुत मशहूर फिल्म स्टार के इर्द-गिर्द केंद्रित है. इसलिए, वे अपने नेता के लिए कल्पनाएं, सपने, महत्वाकांक्षाएं और इच्छाएं रख सकते हैं.” इससे पहले, तमिलनाडु कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष और सांसद मणिकम टैगोर ने सत्ताधारी पार्टी की आलोचना करते हुए कहा था कि तमिलनाडु के कुछ मंत्री अभी भी ‘फैन क्लब मोड’ में काम कर रहे हैं और ऐसी सोच वाले लोगों को बदला नहीं जा सकता।