नई दिल्ली
सरकार ने कहा है कि गांव में संचार व्यवस्था को निरंतर बनाए रखने और मामूली गड़बड़ी के कारण पूरी लाइन के ठप होने की समस्या से निपटने के लिए रिंग संचार व्यवस्था शुरू की जा रही है ताकि पूरे गांव का संचार संपर्क ठप न हो सके।
संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने लोकसभा में एक पूरक प्रश्न के जवाब में कहा कि गांव में हर समय इंजीनियर उपलब्ध नहीं होते हैं और यदि किसी एक लाइन पर कोई गड़बड़ी आती है तो पूरे गांव में संचार व्यवस्था ठप हो जाती है। ऐसे में लाइन ठीक होने तक लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
सिंधिया ने कहा कि इस समस्या से निपटने के लिए गांव में रिंग संचार व्यवस्था को लागू किया जा रहा है। इससे यदि एक जगह की लाइन गड़बड़ा जाती है, तो भी पूरे गांव की संचार व्यवस्था ठप नहीं होगी बल्कि इस विशेष क्षेत्र की संचार व्यवस्था को दुरुस्त करने की जरूरत पड़ेगी। इस तकनीकी को देश में सभी गांवों में लागू किया जाएगा।
महाराष्ट्र में संचार व्यवस्था संबंधी एक सवाल पर उन्होंने कहा कि राज्य के शहरी क्षेत्र में कनेक्टिविटी 100 प्रतिशत है और ग्रामीण क्षेत्रों में भी इसी तरह की व्यवस्था करने पर ध्यान दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि छह लाख से ज्यादा गांव है, जिन्हें संचार सुविधा से लैस किया गया है। सरकार ने 22 हजार करोड़ रुपए का प्रावधान किया है ताकि सभी गांवों में इंटरनेट और संचार की सारी सुविधा उपलब्ध कराई जा सके।

More Stories
चुनाव से पहले भाजपा सरकार का बड़ा ऐलान, सरकारी अस्पतालों में सभी जांचें होंगी मुफ्त
टैक्सपेयर्स के लिए बड़ा अपडेट! सरकार टैक्स सिस्टम में करने जा रही बड़ा बदलाव, जानें क्या होगा नया
होर्मुज बंद, कतर से गैस सप्लाई 91% घटी… फिर भी भारत ने कैसे टाला LNG संकट?