नई दिल्ली
भारत अपने व्यापार रणनीति को तेजी से आगे बढ़ा रहा है. अब भारत एक और देश के साथ फ्री ट्रेड डील (FTA) करने जा रहा है. केंद्रीय और वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि भारत और ओमान गुरुवार को फ्री ट्रेड डील करने जा रहे हैं, जिससे दोनों देशों के बीच आर्थिक संबंध मजबूत होंगे और प्रमुख क्षेत्रों में नए अवसर खुलेंगे. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में इसपर हस्ताक्षर होंगे.
खाड़ी सहयोग परिषद देशों में ओमान भारत का तीसरा सबसे बड़ा निर्यात स्थान रहा है और अब ये डील दोनों देशों के बीच आर्थिक स्थिति को और भी मजबूत करने वाली है. गोयल ने कहा कि ओमान लगभग 20 सालों से फ्री ट्रेड एग्रीमेंट पर हस्तक्षर कर रहा है. अमेरिका के साथ इसने 2006 में इसी तरह का समझौता किया था. फ्री ट्रेड एग्रीमेंट कारोबारियों के लिए नया अवसर लेकर आएगा, उन्होंने कहा कि जूते, कपड़े, ज्वेलरी, एग्रीकल्चर, वाहन और कलपुर्जे, नवीनीकरण ऊर्जा जैसे सेक्टर्स में संभावनाएं और बढ़ेंगी.
कई देशों के लिए खुलेंगे रास्ते
मंत्री ने कहा कि यह डील अफ्रीका और मध्य एशिया के लिए एंट्री गेट है. इस कदम से अन्य देशों से भी व्यापार करने की संभावनाएं बढ़ेंगी. भारत और ओमान के बीच व्यापार 10.5 अरब डॉलर का है. भारत ओमान से 6 अरब डॉलर से ज्यादा का आयात करता है, जबकि निर्यात 4 अरब डॉलर का है. अब आइए जानते हैं भारत ओमान से क्या मंगाता है और क्या देता है?
ओमान से क्या मंगाता है भारत?
भारत के ओमान से प्रमुख आयात पेट्रोलियम और यूरिया है. आयात में इनकी हिस्सेदारी 70 फीसदी से ज्यादा की है. इसके अलावा, भारत ओमान से प्रोपलीन, एथलिन पॉलीमर, पेट कोक, जिप्सम, केमिकल, लोहा और इस्पात अपरिष्कृत एल्युमीनियम शामिल है.
ओमान भारत से क्या मंगाता है?
ओमान भारत से भी बड़ी मात्रा में चीजों का आयात करता है, जो करीब 4 अरब डॉलर की है. भारत ओमान को खनिज ईधन, केमिकल, बहुमूल्य धातुएं, लोहा और इस्पात, अनाज, जहाज, नावें, विद्युत मशीनरी, बॉयलर, चाय, कॉफी, मसाले, वस्त्र और खाद्य पदार्थ देता है.

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