नागपुर
एनसीपी नेता और महाराष्ट्र के पूर्व गृहमंत्री अनिल देशमुख ने देश में 8 करोड़ लोगों को रोजगार देने के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी ने वादा किया था कि हर साल 2 करोड़ लोगों को नौकरी देंगे, ऐसे में पिछले 10 सालों में 20 करोड़ लोगों को रोजगार देना चाहिए था। लेकिन, मात्र 7.15 लाख लोगों को नौकरी मिली है। उन्होंने कहा कि पीएम लोगों को गुमराह करने का काम कर रहे हैं। महाराष्ट्र में बड़ी-बड़ी इंडस्ट्री आने वाली थी, लेकिन बड़े प्रोजेक्ट बाहर जा रहे हैं। बड़े प्रोजेक्ट महाराष्ट्र में आने चाहिए और उसके लिए यहां का वातावरण अच्छा होना चाहिए, लेकिन सरकार का ध्यान उस तरफ नहीं है।
इसके अलावा उन्होंने हाल में हुए चुनाव में इंडिया गठबंधन को मिली जीत पर बात करते हुए कहा कि अगर इंडिया गठबंधन महाराष्ट्र में आगामी विधानसभा चुनाव में एकजुट होकर चुनाव लड़ती है तो यहां हमारी सरकार बनेगी। बाकी राज्यों में भी अच्छे नतीजे आ रहे हैं।
बता दें, लोकसभा चुनाव के बाद देश के अलग-अलग राज्यों की कुल 13 विधानसभा सीटों पर हुए उपचुनाव में 10 पर इंडिया ब्लॉक के घटक दलों को, 2 पर बीजेपी को, और एक सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार को जीत मिली है। इंडी गठबंधन के सभी घटक दलों के नेताओं की तरफ से इस पर प्रतिक्रिया आ रही है और सभी इस बात की तरफ इशारा कर रहे हैं कि जनता का भरोसा इंडी गठबंधन पर बढ़ा है और उन्होंने भाजपा को नकार दिया है।
कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने तो अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर लिखा कि 7 राज्यों में हुए उपचुनाव के नतीजों ने स्पष्ट कर दिया है कि भाजपा द्वारा बुना गया 'भय और भ्रम' का जाल टूट चुका है। अपने जीवन की बेहतरी और संविधान की रक्षा के लिए जनता अब पूरी तरह से इंडी गठबंधन के साथ खड़ी है।
इसी को लेकर भाजपा नेता अमित मालवीय ने सोशल मीडिया एक्स पर पोस्ट कर कांग्रेस और इंडी गठबंधन के अन्य दलों के नेताओं को करारा जवाब देते हुए लिखा था कि ये नतीजे इंडी अलायंस की हताशा की स्थिति में किसी तरह अच्छा महसूस करने के प्रयास के अलावा कुछ नहीं है।

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