नई दिल्ली
विपक्षी INDIA गठबंधन के उपराष्ट्रपति कैंडिडेट सुदर्शन रेड्डी ने सत्ता पक्ष के उम्मीदवार सीपी राधाकृष्णन पर तंज कसा है। उन्होंने सोमवार को कहा कि मेरे प्रतिद्वंद्वी तो बोलते ही नहीं हैं। उन्होंने कहा कि यदि दोनों कैंडिडेट बोलें तो एक डिबेट हो सकती है। इस तरह हैदराबाद पहुंचे रेड्डी ने राधाकृष्णन को अपने साथ डिबेट करने का चैलेंज दे दिया। रेड्डी ने कहा कि मैं भले ही विपक्षी दलों का कैंडिडेट हूं, लेकिन मुझे INDIA ब्लॉक के बाहर के दलों जैसे आम आदमी पार्टी का भी समर्थन हासिल है। रेड्डी ने कहा कि मेरी लड़ाई संविधान को बचाने के लिए है और मैं शुरुआती दिनों से ही इसके लिए संघर्ष करता रहा हूं।
यही दलील देते हुए सुदर्शन रेड्डी ने सभी दलों के सांसदों पत्र लिखा है और उपराष्ट्रपति चुनाव में खुद को समर्थन देने की अपील की है। उन्होंने कहा कि यह लड़ाई भारत के बीते कुछ सालों के इतिहास में सबसे साफ-सुथरी और शानदार चुनावी लड़ाई होगी। रेड्डी ने पहले ही कहा था कि वह सभी दलों के सांसदों को चिट्ठी लिखेंगे और मांग करेंगे उन्हें ही वोट दें। रेड्डी ने मुंबई में एक आयोजन में कहा था कि यदि मुझे आप लोगों ने जिताया तो यह संविधान को बचाने के लिए दिया गया वोट होगा। यदि मुझे उपराष्ट्रपति के तौर पर काम करने का मौका मिला तो मैं संविधान की रक्षा करूंगा।
रेड्डी ने कहा कि उनका संविधान के साथ सफर 1971 में शुरू हुआ था, जब वे आंध्र प्रदेश बार काउंसिल के मेंबर बने और वकालत की शुरुआत की थी। इसके बाद वे हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में न्यायाधीश बने। उन्होंने स्पष्ट किया कि मैं किसी भी राजनीतिक पार्टी का सदस्य नहीं हूं। मैं कभी किसी राजनीतिक पार्टी या संगठन का सदस्य नहीं रहा हूं और भविष्य में भी बनने का इरादा नहीं है। इसी वजह से मैं ही एकमात्र उम्मीदवार हूं जो सभी राजनीतिक दलों के सांसदों से अपने योग्यता के आधार पर समर्थन की अपील कर सकता हूं।
विपक्षी उम्मीदवार ने कहा कि वे संसद के दोनों सदनों के प्रत्येक सदस्य को व्यक्तिगत पत्र लिखेंगे और उनकी अंतरात्मा को संबोधित करते हुए अपने पक्ष में मतदान करने की अपील करेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि यदि मौका मिला तो वे भाजपा नेतृत्व से मिलने को तैयार हैं। यह उपराष्ट्रपति चुनाव हाल ही में जगदीप धनखड़ के अचानक इस्तीफे की वजह से हो रहा है। विपक्ष ने इसे वैचारिक लड़ाई बताया है, लेकिन आंकड़े सत्तारूढ़ भाजपा और उसकी लीडरशिप वाले NDA गठबंधन के पक्ष में हैं, जिसने महाराष्ट्र राज्यपाल सी.पी. राधाकृष्णन को 9 सितंबर को होने वाले चुनाव हेतु अपना उम्मीदवार बनाया है।

More Stories
TMC नाम-चिह्न विवाद पर 4 महीने में फैसला, सुप्रीम कोर्ट ने ECI को दी समयसीमा
SIR और चुनाव आयोग पर बैठक से पहले अखिलेश का बड़ा बयान, 30 सितंबर को नहीं पहुंचेंगे दिल्ली
ममता बनर्जी का बदला सियासी समीकरण, अब लेफ्ट से बातचीत; SIR पर विपक्षी एकता की कवायद