जयपुर.
जयपुर में एसएमएस मेडिकल कॉलेज के रेजिडेंट डॉक्टर कोलकाता में हुई घटना के बाद हड़ताल पर चले गए हैं। डॉक्टरों का कहना है कि बात सिर्फ बंगाल या राजस्थान की नहीं है, बात सुरक्षा और अधिकारों की है। हमारे यहां भी सुरक्षा का अभाव है। वादे बहुत किए जाते हैं पर सुरक्षा नहीं दी जाती। एक महिला रेजिडेंट डॉक्टर का कहना था कि मरीज कैसे किसी डॉक्टर को थप्पड़ मार सकता है, उसके साथ बदतमीजी कर सकता है।
सरकार सुरक्षा का वादा करे तो हम तुरंत प्रभाव से हड़ताल खत्म कर देंगे और काम पर वापस आ जाएंगे। कोलकाता में मेडिकल कॉलेज की महिला रेजिडेंट डॉक्टर के साथ दुष्कर्म और हत्या की घटना के बाद आज अजमेर संभाग के सबसे बड़े जवाहरलाल नेहरू चिकित्सालय की केजुअल्टी के बाहर डॉक्टर्स की ओर से प्रदर्शन किया गया। रेजिडेंट डॉक्टरों ने कार्य बहिष्कार करते हुए इमरजेंसी यूनिट के बाहर विरोध जताया। रेजीडेंट डॉक्टर एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. दिलराज मीणा ने बताया कि कोलकाता में हमारी बहन के साथ जो घटना हुई, उसके विरोध में दूसरे दिन भी रेजिडेंट डॉक्टर्स के द्वारा अस्पताल की इमरजेंसी के बाहर प्रदर्शन किया गया। इसके साथ ही सभी डॉक्टर कार्य बहिष्कार पर हैं लेकिन इमरजेंसी सेवाओं को चालू रखा गया है। मीणा ने बताया कि उनकी मांग है कि सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर सीबीआई जांच की जाए। पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता दी जाए।

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