कर्नाटका में माता-पिता गए थे घर से बाहर, 3 दरिंदे आए और लड़की को अगवा कर किया रेप

बेंगलुरु.

कर्नाटक पुलिस ने यौन उत्पीड़न के लिए तीन नाबालिग लड़कों के खिलाफ बच्चों का यौन अपराधों से संरक्षण अधिनियम (POCSO) के तहत मामला दर्ज किया। पुलिस के अनुसार, नाबालिग लड़कों ने लड़की के माता-पिता के दिन में बाहर होने के दौरान हफ्ते भर से अधिक समय तक उस पर हमला किया। हुबली-धारवाड़ के पुलिस आयुक्त एन शशिकुमार ने बताया, 'एक शिकायत दर्ज की गई है कि नाबालिग लड़की को यौन उत्पीड़न का शिकार बनाया गया और तीन आरोपियों की ओर से हमला किया गया। सभी तीन आरोपी 14 से 15 वर्ष की आयु वर्ग के नाबालिग हैं। हमने उन्हें हिरासत में ले लिया है।'

पुलिस आयुक्त ने कहा कि इन लड़कों ने पिछले सात-आठ दिनों से लड़की के खिलाफ यौन अपराध किए हैं। लड़की के माता-पिता काम पर जाते हैं और दिन में घर से बाहर रहते हैं। आरोपियों ने इस दौरान वारदात को अंजाम दिया। एन शशिकुमार ने आगे कहा कि पुलिस बच्चों का यौन अपराधों से संरक्षण अधिनियम और किशोर न्याय (बच्चों की देखभाल और संरक्षण) अधिनियम के तहत आवश्यक प्रक्रियाओं का पालन करेगी। आगे की जांच जारी है और आरोपियों से पूछताछ की जा रही है।

अगवा कर दुष्कर्म करने का आरोपी गिरफ्तार

वहीं, उत्तर प्रदेश के बलिया जिले में पुलिस ने 16 वर्षीय लड़की को अगवा कर दुष्कर्म करने के आरोपी को शनिवार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। पुलिस के अनुसार, फेफना थानाक्षेत्र के एक गांव में रहने वाली 16 वर्षीय लड़की का गांव के ही रहने वाले शुभम खरवार उर्फ निर्मोही ने 13 फरवरी 2024 को अपहरण कर लिया था। पुलिस ने बताया कि इस मामले में लड़की की मां की शिकायत पर शुभम के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस के मुताबिक, लड़की के दादा ने हरियाणा जाकर उसे मुक्त कराया और 30 दिसंबर को पुलिस को सुपुर्द कर दिया। नाबालिग लड़की ने पुलिस को बताया कि शुभम खरवार उसे अगवा कर हरियाणा ले गया और उससे बार-बार दुष्कर्म किया।