नईदिल्ली
भारतीय रेलवे ने वंदे भारत एक्सप्रेस के बाद यात्रियों के लिए एक और खुशखबरी है। अब लोकल ट्रेन की तर्ज पर छोटी दूरी की वंदे भारत मेट्रो ट्रेन का संचालन किया जाएगा। वंदे मेट्रो के नाम से चलने वाली इन रेलगाडिय़ों का ट्रायल जुलाई से शुरू होगा। इसके अलावा वंदे भारत स्लीपर ट्रेनों का ट्रायल मई में शुरू हो जाएगा।
रेलवे ने दावा किया है कि वंदे भारत मेट्रो ट्रेन 100 से 250 किलोमीटर की दूरी तय करेगी। इसके अलावा वंदे भारत स्लीपर ट्रेनों के लिए 1000 किलोमीटर के बीच पडऩे वाले स्टेशन पर यात्रा के रूट डिजाइन किए जाने हैं। आकेएमपी से से होकर जबलपुर, रीवा के रास्ते इन ट्रेनों का ट्रायल होगा। इसके अलावा भोपाल से इंदौर, उज्जैन तक इन ट्रेनों को चलाने की भी संभावना है।
यात्रियों को फायदा
-वंदे भारत स्लीपर ट्रेन में यात्रियों को रात के सफर में सोने के लिए सामान्य ट्रेनों की तरह लंबी सीट उपलब्ध कराई जाएगी। इसका किराया सामान्य स्लीपर ट्रेन के कोच के बराबर रहेगा।
-वंदे भारत मेट्रो ट्रेन मुंबई की लोकल ट्रेन की तरह छोटे-छोटे स्टेशन एवं कम दूरी के स्टेशन पर ठहरेगी। इसे चलाने का मकसद स्थानीय गांव कस्बों को शहरों से कनेक्टिवटी उपलब्ध कराना है। इस ट्रेन में थोड़ा ज्यादा किराया देकर यात्री वातानुकूलित कोच में सफर कर सकेंगे।
पहले चरण में रूट
-रेलवे ने प्रथम चरण में लखनऊ कानपुर, आगरा मथुरा, दिल्ली रेवाड़ी, भुवनेश्वर बालेश्वर और तिरुपति चेन्नई रेलवे रूट को ट्रायल के लिए सिलेक्ट किया है।
वंदे भारत ट्रेन के नए वर्जन जल्द ही यात्रियों के लिए उपलब्ध होंगे। रेलवे बोर्ड से शेड्यूल आते ही इसे भोपाल, कोटा, जबलपुर मंडलों में लागू करेंगे। शोभना बंदोपाध्याय, जीएम, पश्चिम मध्य रेलवे

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