CJP को CP में तिरंगा फहराने की मिल सकती है अनुमति, दिल्ली पुलिस ने रखी ये शर्त

Exposetodaynews:

नई दिल्ली

कनॉट प्लेस के सेंट्रल पार्क में शुक्रवार को संभावित विरोध प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली पुलिस और एनडीएमसी ने सुरक्षा कड़े प्रबंध कर दिए हैं।

वहीं डीसीपी नेहा यादव ने आज शाम की गई प्रेसवार्ता में सीजेपी के लिए एक राहत वाली बात भी कही है। उनके अनुसार, सीजेपी को सीपी में तिरंगा लहराने की अनुमति मिल सकती है, लेकिन इसके लिए दिल्ली पुलिस की कुछ शर्तें हैं। 
क्या बोलीं डीसीपी नेहा यादव?

डीसीपी नेहा यादव ने कहा, दिल्ली पुलिस राष्ट्रीय ध्वज लेकर आने और राष्ट्रगान गाने के लिए 11 चुनिंदा लोगों के एक समूह को किसी उपयुक्त स्थान पर इसकी अनुमति देने की व्यवस्था कर सकती है। लेकिन यह ध्यान रखना जरूरी है कि राष्ट्रीय ध्वज को वैधानिक या साथ लेकर चलने और राष्ट्रगान गाने के दौरान निर्धारित नियमों का पालन किया जाए, तथा तिरंगे और राष्ट्रगान के प्रति पूरा सम्मान, गरिमा और मर्यादा बनाई रखी जाए।

सीजेपी ने क्या की है लोगों से अपील?

सीजेपी ने इंटरनेट मीडिया और पत्रकारवार्ता के जरिए आम जनता से शुक्रवार शाम पांच बजे हाथों में तिरंगा लेकर सेंट्रल पार्क में जुटने की अपील की है। आम आदमी पार्टी ने भी इस विरोध प्रदर्शन का समर्थन करते हुए कार्यकर्ताओं और समर्थकों से बड़ी संख्या में पहुंचने का आह्वान किया है।

मौजूदा सुरक्षा और कानून-व्यवस्था की स्थिति को ध्यान में रखते हुए दिल्ली पुलिस ने स्पष्ट किया है कि कनॉट प्लेस और आसपास के इलाकों में शांति बनाए रखने, जनता की सुरक्षा और संपत्ति की रक्षा के लिए भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163 लागू है।

डीसीपी ने बोलीं- सुरक्षा के हैं कड़े इंतजाम

डीसीपी नेहा यादव ने शुक्रवार शाम पत्रकारवार्ता कर बताया कि नई दिल्ली नगरपालिका परिषद ने दिल्ली पुलिस को पत्र लिखकर सूचित किया है कि प्रशासनिक कारणों से सेंट्रल पार्क 16 और 17 अक्टूबर को बंद रहेगा।

एनडीएमसी ने पुलिस से अनुरोध किया है कि इस संवेदनशील सार्वजनिक पार्क की सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जाएं और किसी भी अनाधिकृत व्यक्ति को प्रवेश न करने दिया जाए। त्योहारों के इस मौसम में व्यावसायिक गतिविधियों के प्रभावित होने की आशंका से कनॉट प्लेस के विभिन्न व्यापारी संगठनों और मार्केट एसोसिएशनों ने पुलिस में आवेदन दिया है।

व्यापारियों का भी दिया हवाला

व्यापारियों का कहना है कि उपद्रवी तत्वों और गैर-कानूनी जमावड़े से उनके कारोबार पर बुरा असर पड़ रहा है। इस मुद्दे से जुड़े एक मामले में दिल्ली हाईकोर्ट ने भी व्यापारी गतिविधियों में बाधा की आशंका पर गौर किया है, जिसके जवाब में दिल्ली पुलिस ने अदालत को भरोसा दिलाया है कि याचिकाकर्ता की चिंताओं को ध्यान में रखते हुए उचित कदम उठाए जाएंगे।

पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे धारा 163 के आदेश का उल्लंघन करने वाली किसी भी सभा में शामिल न हों। आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने लोगों से क्षेत्र की शांति भंग न करने और दुकानदारों के कारोबार में बाधा न डालने का अनुरोध किया है।