बठिंडा
वायु प्रदूषण के दुष्प्रभावों के बारे लोगों को जागरूक करते हुए सेहत विभाग की ओर से एडवाइजी जारी की गई है। सिविल सर्जन डा.रमनदीप सिंगला ने बताया कि जैसे-जैसे मौसम ठंडा होता है, हवा की गुणवत्ता खराब होने लगती है।
पराली जलाने और दिवाली मनाने के कारण स्थिति और भी खराब हो जाती है। इसका खामियाजा बच्चों, गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गों, पुरानी सांस की बीमारियों वाले लोगों, पुलिस कर्मियों और नगर निगम कर्मचारियों को भुगतना पड़ता है। जिला सेहत अधिकारी डॉ. ऊषा गोयल ने कहा कि बढ़े प्रदूषण के दौरान सुबह शाम सैर से बचना चाहिए, खिड़कियां दरवाजे आदि बंद रखने चाहिए तथा बच्चों व बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखना चाहिए।

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