यह कोर्स छात्रों में रणनीति एवं प्रबंधन कौशल का विकास करने के अलावा उन्हें एनर्जी मैनेजमैंट की गहरी समझ प्रदान करता है। इस क्षेत्र के सामाजिक, राजनीतिक, आर्थिक, सांस्कृतिक एवं तकनीकी महत्व के साथ ही राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय रणनीतियों पर इसके असर का ज्ञान भी उन्हें प्रदान किया जाता है।
रोजगार की सम्भावनाएं: पैट्रोलियम इंडस्ट्री में कामगारों की औसत आवश्यकता अन्य इंडस्ट्रीज की तुलना में काफी अधिक है। इस वजह से निकट भविष्य में इस क्षेत्र में काफी अधिक नियुक्तियां की जाएंगी।
विकास की सम्भावनाएं: पूरी दुनिया तेल एवं गैस पर निर्भर है। ये दुनिया भर की ऊर्जा जरूरतों का प्रमुख स्रोत हैं और अत्यधिक दोहन की वजह से तेजी से खत्म भी हो रहे हैं। इन स्रोतों का प्रबंधन महत्वपूर्ण हो गया है जो हमारी राष्ट्रीय प्रतिबद्धता है। ऑयल एंड गैस मैनेजमैंट में कोर्स तेल एवं गैस इंडस्ट्री के लॉजिस्टिक्स तथा प्रबंधन के मुद्दों पर रोशनी डालता है। इंडस्ट्री तेल एवं गैस के नए स्रोतों का पता लगाने तथा उसे हासिल करने के लिए नवीनतम तकनीकों का इस्तेमाल कर रही है।
मुख्य नियोक्ता: असैंचर, अदानी, बी.पी.सी.एल., ब्रिटिश गैस, क्रिसिल, डिलोइटे, एस्सार ऑयल, गेल, गल्फ ऑयल, एच.पी.सी.एल., इंडियन ऑयल, इंफोसिस, जिंदल ग्रुप, एल.एंड टी.।
शुरूआती तनख्वाह: 20 हजार रुपए प्रतिमाह
प्रमख संस्थान:
इंटरनैशनल इंस्टीच्यूट ऑफ इंफार्मेशन टैक्रोलॉजी, पुणे, महाराष्ट्र
यूनिवर्सिटी ऑफ पैट्रोलियम एंड एनर्जी स्ट्डीज, देहरादून, उत्तराखंड
पंडित दीनदयाल पैट्रोलियम यूनिवर्सिटी, गांधीनगर, गुजरात

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