मेलबर्न
श्रीलंका के पूर्व खिलाड़ी और विक्टोरिया महिला टीम के कोच रहे दुलीप समरवीरा को ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट बोर्ड ने कोचिंग से 20 साल के लिए प्रतिबंधित कर दिया है। उन्हें विक्टोरिया की महिला टीम के साथ दुर्व्यवहार के लिए आचार संहिता के उल्लंघन का दोषी पाया गया है। श्रीलंका की तरफ से सात टेस्ट और पांच वनडे खेलने वाले और 2008 में पहली बार विक्टोरिया के बल्लेबाजी कोच बने समरवीरा पर क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के ‘इंटीग्रिटी’ विभाग की जांच के बाद प्रतिबंध लगाया गया ।
इस दौरान 52 वर्षीय समरवीरा को अगले दो दशक तक ऑस्ट्रेलिया क्रिकेट के अंतर्गत कोई पद संभालने की अनुमति नहीं दी जाएगी। क्रिकेट विक्टोरिया के सीईओ निक कमिंस ने एक बयान में इस प्रतिबंध का समर्थन किया। कमिंस ने कहा, "हमारा मानना है कि यह आचरण पूरी तरह से निंदनीय है और हम क्रिकेट विक्टोरिया के साथ हैं।"
समरवीरा ने अभी तक इस फैसले पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। इससे पहले वह महिला बिग बैश लीग में मेलबर्न स्टार्स टीम के सहायक कोच भी थे। ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटर संघ ने भी सीईओ के फैसले का समर्थन किया। समरवीरा पिछले साल नवंबर में टीम के अंतरिम मुख्य कोच नियुक्त किए गए थे। इसके बाद उन्होंने इस साल मई में पूर्णकालिक कोच का पद संभाला। उन्होंने प्रमोशन के दो सप्ताह के भीतर ही इस्तीफा दे दिया। ये सभी के लिए एक चेतावनी भी है कि अगर आप खेल में किसी भी तरह से गलत आचरण रखोगे तो आपके साथ भी यही अंजाम होगा।
समरवीरा को क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया यानी सीए के कोड ऑफ कंडक्ट के सेक्शन 2.23 का 'गंभीर उल्लंघन' करते हुए पाया गया, जो 'क्रिकेट की भावना के विपरीत आचरण, किसी प्रतिनिधि या अधिकारी के लिए अनुचित आचरण, क्रिकेट के हितों के लिए हानिकारक है या हो सकता है या क्रिकेट के खेल को बदनाम करता है या कर सकता है" से संबंधित है।

More Stories
IPL 2026: MI vs RR मुकाबला, प्लेऑफ की दौड़ में राजस्थान रॉयल्स के लिए अहम मैच
क्या सचिन तेंदुलकर का टेस्ट रिकॉर्ड टूट जाएगा? जो रूट ने दी बड़ी प्रतिक्रिया
KKR vs DC मुकाबला, प्लेऑफ की दौड़ में कोलकाता के लिए अहम मैच