मिहींपुरवा
नेपाल के पहाड़ों पर हुई बारिश से चौधरी चरण सिंह गिरिजा बैराज पर शुक्रवार की शाम पानी का दबाव बढ़ गया, जिससे बैराज से अचानक 2.45 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया। अचानक पानी छोड़े जाने से 140 ग्रामीण नदी के टापू में फंस गए। जिन्हें रात भर चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद सकुशल बाहर निकाल लिया गया।
मिहींपुरवा तहसील के ग्राम पंचायत चहलवा के सैकड़ों ग्रामीण शुक्रवार की शाम सरयू के टापू में खेती के कार्य से गए थे। इसी दौरान अचानक बैराज से 2.45 लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने से सभी पानी के बीच फंस गए। 140 ग्रामीणों के फंसे होने की सूचना से जिला प्रशासन के हाथ पांव फूल गए।
आनन-फानन एसडीएम संजय कुमार, सुजौली थाना प्रभारी सौरभ सिंह, मोतीपुर थाना प्रभारी दद्दन सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और एनडीआरफ टीम की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। सुबह तक चले रेस्क्यू ऑपरेशन में सभी 140 ग्रामीणों को सकुशल पानी से बाहर निकाल लिया गया।
इस दौरान पूरी रात हड़कंप की स्थिति बनी रही। वहीं, जलस्तर बढ़ने से मिहींपुरवा के जंगल गुलरिहा, चहलवा, बड़खड़िया और सुजौली समेत आधा दर्जन गांवों में बाढ़ का पानी भरने लगा है।

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