जयपुर
जयपुर विकास प्राधिकरण शहर के सुनियोजित विकास के साथ-साथ अपनी कार्यप्रणाली में पूर्ण पारदर्शिता और जनभागीदारी सुनिश्चित कर रहा है। जयपुर विकास आयुक्त श्री सिद्धार्थ महाजन ने बताया कि जेडीए द्वारा एक अभिनव पहल करते हुए अब बैठकों में संबंधित आवेदकों और हितधारकों को भी आमंत्रित किया जा रहा है। संवाद कार्यक्रम के तहत आवेदकों को बुलाकर उनकी आपत्तियों, समस्याओं और सुझावों को आमने-सामने सुनकर हाथों-हाथ निस्तारण किया जा रहा है।
इसी पारदर्शी और जन-हितैषी कार्यप्रणाली के सकारात्मक प्रभाव से जेडीए ने मई-2026 माह में ले-आउट और बिल्डिंग प्लान के कुल 65 प्रकरणों एवं परियोजनाओं को त्वरित गति से स्वीकृति प्रदान की है।
बीपीसी-एलपी समिति द्वारा 48 प्रकरणों का अनुमोदन
जेडीए की बीपीसी-एलपी समिति की मई-2026 माह में आयोजित की गई बैठकों में कुल 58 प्रकरण समिति के समक्ष प्रस्तुत किये गए, जिनमें से 48 प्रकरणों में बीपीसी-एलपी समिति द्वारा त्वरित अनुमोदन की कार्यवाही की गई जिसमे पुनर्गठन / उपविभाजन के 13 प्रकरण,आवासीय एकल भूखंड के 11 प्रकरण ,आवासीय योजनाओं के 7 प्रकरण, गैर-आवासीय एकल भूखंड के 4 प्रकरण एवं अन्य प्रकार के 13 प्रकरण शामिल हैं ।
बीपीसी-बीपी समिति द्वारा 17 परियोजनाओं को स्वीकृति
शहर में विभिन्न आवासीय और व्यावसायिक परियोजनाओं के निर्माण को सुगम बनाने के लिए बीपीसी-बीपी समिति द्वारा मई 2026 में कुल 17 परियोजनाओं को स्वीकृति प्रदान की गई है:
आवासीय: 08 परियोजनाएं
संस्थागत: 04 परियोजनाएं
मिश्रित-उपयोग: 02 परियोजनाएं
व्यावसायिक: 01 परियोजना
होटल: 01 परियोजना
रिसॉर्ट: 01 परियोजना
जेडीए द्वारा 'संवाद' के माध्यम से प्रक्रियाओं को और अधिक सरल बनाने का यह प्रयास निरंतर जारी रहेगा, ताकि आमजन को समयबद्ध तरीके से राहत मिल सके और जयपुर के विकास को नई ऊंचाइयां मिलें।

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