यूपी में होमगार्ड की भर्ती काफी चर्चा में है। 41 हजार से अधिक पदों पर लिखित परीक्षा संपन्न हो गई है। अब अगले चरण की तैयारी हो रही है। ऐसे में जिन उम्मीदवारों ने इस भर्ती में अप्लाई किया है या जो होमगार्ड की नौकरी के बारे में जानना चाहते हैं उनके मन में इस पद के काम और सैलरी को लेकर अक्सर कई तरह के सवाल आते रहते हैं। होमगार्ड को सैलरी कितनी मिलती है? यूपी होमगार्ड वेतन के अलावा कौन से भत्ते मिलते हैं? उनका काम क्या होता है? उनपर क्या जिम्मेदारियां होती हैं? यहां जानें
यूपी में होमगार्ड की नौकरी
उत्तर प्रदेश में होमगार्ड बनने के लिए उम्मीदवारों का किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड से 10वीं पास या इसके समकक्ष योग्यता हासिल किया होना चाहिए। इसके आलावा कैंडिडेट की उम्र कम से कम 18 वर्ष और अधिकतम 30 वर्ष होनी चाहिए। ऊपरी उम्र भर्ती के नियमानुसार आरक्षित वर्गों को छूट भी दी जाती है। शिक्षा और उम्र के अलावा अभ्यर्थी का चरित्र अच्छा होना चाहिए। जिससे वह अपने कार्यभार को संभाल में कामयाब हो सके।
होमगार्ड के काम क्या होते हैं?
होमगार्ड पुलिस बल के सहायक के रूप में राज्य में अपना योगदान देते हैं और काम करते हैं।
जब उनकी आवश्यक्ता होगी वो सार्वजनिक और आंतरिक सुरक्षा बनाने में सहायता करेंगे।
हवाई हमले, आग लगने, बाढ़, महामारी और अन्य किसी भी आपातकालीन स्थिति में होमगार्ड को मदद के लिए बुलाया जा सकता है।
जहां उनकी आवश्यक्ता होगी, उन्हें व्यवस्था और प्रशासन के साथ मिलकर काम करना होगा।
होमगार्ड को जिला मजिस्ट्रेट या जिला कमांडेंट के आदेश के बाद जिले के किसी भी क्षेत्र में काम के लिए बुलाया जा सकता है।
होमगार्ड की सैलरी कितनी होती है?
दरअसल होमगार्ड एक स्थायी सरकारी नौकरी नहीं है, इस भर्ती के जरिए युवाओं को होमगार्ड स्वंयसेवक के रूप में चुना जाता है। इनकी ड्यूटी पुलिस या अन्य बलों की तरह पहले से तय नहीं होती है। जरूरत के समय इन्हें बुलाया जाता है और इसी के मुताबिक वेतन का भुगतान भी किया जाता है। होमगार्ड के पद पर प्रतिदिन ड्यूटी पर उपस्थित होने के हिसाब से ₹600/- रुपये का भुगतान किया जाता है। मान लीजिए कि अगर होमगार्ड को महीने के 30 दिन ड्यूटी के लिए बुलाया जाता है तो उन्हें 600 रुपये के हिसाब से महीने का 18000/- रुपये वेतन मिलेगा। अगर अवधि बढ़ती है तो सैलरी में भी उसी के मुताबिक बढोत्तरी होगी। इसके अलावा राज्य सरकार उन्हें समय-समय पर मंहगाई भत्ता भी देती है।
उत्तर प्रदेश होमगार्ड सेलेक्शन प्रोसेस क्या है?
होमगार्ड की भर्ती प्रक्रिया के दो प्रमुख चरण हैं लिखित परीक्षा और फिजिकल टेस्ट। जो अभ्यर्थी भर्ती के लिए फॉर्म अप्लाई करते हैं, पहले उनका रिटन एग्जाम होता है। जिसमें वस्तुनिष्ठ प्रकार का प्रश्न पत्र हल करना होता है।
विषय सामान्य ज्ञान
प्रश्नों की संख्या 100
कुल अंक 100 अंक
परीक्षा की अवधि 2 घंटे
प्रत्येक प्रश्न के अंक 01 अंक
लिखित परीक्षा में उपस्थित होने वाले अभ्यर्थी जो 25 प्रतिशत से कम अंक प्राप्त करेंगे वो भर्ती प्रक्रिया से बाहर हो जाएंगे। लिखित परीक्षा के बाद शारीरिक मानक परीक्षा और शारीरिक दक्षता परीक्षा के लिए चयनित उम्मीदवारों को कटऑफ के आधार पर बुलाया जाता है। डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन में अभ्यर्थियों ने आवेदन पत्र में जिन दस्तावेजों का इस्तेमाल किया है, उनको वेरिफाई किया जाता है।
होमगार्ड के लिए हाइट कितनी चाहिए?
पुरुष- सामान्य/अन्य पिछड़ वर्गों और अनुसूचित जातियों के पुरुष अभ्यर्थियों की लंबाई 168 होनी चाहिए। वहीं एससी के पुरुष कैंडिडेट की हाइट कम से कम 160 तक मान्य होगी।
पुरुषों का सीना- जनरल/ओबीसी और एससी पुरुषों का सीना 79 सेंटीमीटर बिना फुलाए होना चाहिए। वहीं एसटी अभ्यर्थयों का सीना 77 सेंटीमीटर बिना फुलाए और फूलने के बाद 82 सेमी तक हो।
महिला- जरनल/ओबीसी और एससी महिला उम्मीदवारों की लंबाई कम से कम 152 सेमी तक हो। एसटी महिला अभ्यर्थियों की ऊंचाई 147 तक होनी चाहिए।
महिलाओं का वजन- सभी वर्ग की महिला कैंडिडेट का वजन कम से कम 40 केजी तक होना चाहिए।
होमगार्ड भर्ती में दौड़ कितनी होती है?
डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन और हाइट चेस्ट में सफल होने वाले उम्मीदवारों को दौड़ में सफल होना सबसे जरूरी है।
पुरुषों को 4.8 किमी की दौड़ 28 मिनट में पूरी करनी होगी।
महिलाओं को 2.4 किमी की दौड़ के लिए 16 मिनट का समय दिया जाएगा।
दौड़ पूरी करने वाले उम्मीदवारों को मेडिकल टेस्ट में पास करने के बाद बतौर होमगार्ड एनरोल किया जाता है।
वर्षा यादव

More Stories
12वीं पास के लिए बिहार सरकारी नौकरी 2026: BSSC, पुलिस और होमगार्ड में सुनहरा मौका
कम किताबें, ज्यादा रिवीजन से ऐसे करें पहली कोशिश में सफलता की तैयारी
यूनियन बैंक अप्रेंटिस भर्ती 2026: 1865 पदों के लिए आवेदन की आखिरी तिथि नजदीक, अभी करें अप्लाई