आमजन को मिल रही सुरक्षित व आधुनिक यात्रा सुविधा
जयपुर,
राजस्थान में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में परिवहन सेवाओं का लगातार विस्तार हो रहा है। सरकार का लक्ष्य है कि हर नागरिक को सुरक्षित, सुलभ और आधुनिक यातायात सुविधा उपलब्ध हो। इसी दिशा में नई बसों के संचालन से यात्रा का अनुभव न केवल सुविधाजनक बना है बल्कि यातायात के दबाव का प्रबंधन भी आसान हुआ है।
परिवहन सेवाओं का व्यापक विस्तार-
प्रदेश में सार्वजनिक परिवहन को सस्ता, सुरक्षित और आधुनिक बनाने के उद्देश्य से बजट घोषणा के तहत 160 ब्लू लाइन एक्सप्रेस बसों को 12 डिपो में शामिल किया गया है। इनमें जयपुर, अजमेर, अजयमेरू, कोटपूतली, धौलपुर, सवाईमाधोपुर, भीलवाड़ा, वैशाली नगर, विद्याधर नगर, शाहपुरा, हिण्डौन और दौसा शामिल हैं। इसके साथ ही 12 सुपर लग्जरी बसों की खरीद से राजस्थान राज्य पथ परिवहन निगम के बेड़े को और मजबूती मिली है।
आस्था की राह हुई आसान-
राज्य सरकार धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने और श्रद्धालुओं को सुगम यात्रा सुविधा देने के लिए विशेष रूटों पर बस सेवाएं चला रही है। अयोध्या, गोवर्धन, सालासर बालाजी, रामदेवरा, श्रीनाथजी, श्रीकरणी माता, कैंची धाम और कैलादेवी जैसे प्रमुख तीर्थस्थलों तक अब सीधी व सुलभ परिवहन सुविधा उपलब्ध है।
युवाओं और महिलाओं के लिए विशेष पहल-
राज्य सरकार ने परीक्षार्थियों को बड़ी राहत देते हुए परीक्षा से दो दिन पूर्व से लेकर परीक्षा के दो दिन बाद तक कुल 5 दिन निःशुल्क यात्रा सुविधा प्रदान की है। वहीं, प्रदेश में पहली बार रक्षाबंधन पर्व पर दो दिनों तक महिलाओं के लिए निःशुल्क यात्रा की ऐतिहासिक सुविधा शुरू की गई, जिससे लाखों महिलाओं को सीधा लाभ मिला।
वरिष्ठ नागरिकों को सम्मान व राहत-
मुख्यमंत्री शर्मा ने वरिष्ठ नागरिकों के सम्मान और सुविधा को प्राथमिकता देते हुए 60 से 80 वर्ष आयु वर्ग के यात्रियों के किराये में छूट 30 प्रतिशत से बढ़ाकर 50 प्रतिशत कर दी है। इससे बुजुर्ग यात्रियों को यात्रा में आर्थिक राहत और आत्मसम्मान दोनों प्राप्त हो रहे हैं।
पैनिक बटन से सुरक्षित हुआ सफर-
राज्य सरकार ने महत्वपूर्ण पहल करते हुए यात्रियों विशेषकर महिला यात्रियों के सफर को सुरक्षित बनाने के लिए निगम की बसों में पैनिक बटन लगवाए हैं। महिला यात्रियों, दिव्यांगजनों, वरिष्ठ नागरिकों, छोटे बच्चों तथा अचानक बीमार हुए व्यक्ति को पैनिक बटन के माध्यम से किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सहायता पहुंचाई जा सकती है। जब किसी यात्री द्वारा पैनिक बटन दबाया जाता है तो इसकी सूचना तत्काल अभय कमांड सेंटर पर पहुंचती है। अभय कमांड सेंटर द्वारा बस की लोकेशन ट्रेस कर परिचालक से बात कर तुरंत आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित की जाती है। इससे महिला यात्रियों की सुरक्षा के साथ-साथ आम नागरिकों को सुगमता पूर्ण यात्रा की सौगात मिली है।

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