जयपुर
झालावाड़ में स्कूल भवन हादसे के बाद अस्पताल के बाहर धरना देने पर गिरफ्तार किए गए नरेश मीणा को हाई कोर्ट ने जमानत दे दी है। मीणा पर राजकार्य में बाधा और आपातकालीन सेवाओं को प्रभावित करने के आरोप थे। गिरफ्तारी के बाद वे न्यायिक हिरासत में भेजे गए थे। झालावाड़ जिले में हुए स्कूल भवन हादसे के बाद उपजी सियासी हलचल अब अदालत तक पहुंच गई। इस घटनाक्रम में गिरफ्तार नेता नरेश मीणा को हाई कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। अदालत ने उन्हें जमानत दे दी है।
गौरतलब है कि 25 जुलाई को जब झालावाड़ जिले के पिपलोदी गांव में स्कूल भवन हादसे के बाद नरेश मीणा अपने समर्थकों के साथ झालावाड़ के मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचे थे। वहां उन्होंने अस्पताल के इमरजेंसी भवन के बाहर धरना और प्रदर्शन किया। इस दौरान स्थिति तनावपूर्ण हो गई और पुलिस ने हस्तक्षेप करते हुए नरेश मीणा सहित कई लोगों पर राजकार्य में बाधा डालने और आपातकालीन सेवा को बाधित करने के आरोप लगाए।
पुलिस ने गिरफ्तारी के बाद उन्हें झालावाड़ जिला न्यायालय में अवकाशकालीन न्यायाधीश के समक्ष पेश किया। वहां से उन्हें 8 अगस्त तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया था। हिरासत की अवधि के दौरान उनके समर्थकों ने इस कार्रवाई को राजनीति से प्रेरित बताते हुए लगातार विरोध प्रदर्शन भी किया।

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