भोपाल
प्रदेश की शराब दुकानों पर बिक्री के लिए आई शराब की हर बोतल का हिसाब अब आबकारी विभाग के पास होगा। समस्त शराब दुकानों पर पीओएस (प्वाइंट ऑफ सेल) मशीन से ही शराब विक्रय की बिलिंग की जाएगी। दुकान स्तर तक शराब के ट्रैक एंड ट्रेस को लागू किया जाएगा। इससे शराब की हर बोतल आबकारी विभाग के सर्वर से जुड़ जाएगी।
हर बोतल का हिसाब-किताब
इस प्रक्रिया से विभाग के पास सभी दुकानों की रोजाना की यह जानकारी होगी कि किस दुकान से किस ब्रांड और किस बैच की शराब किस कीमत पर बेची गई। यानी अब विभाग के पास हर बोतल का हिसाब-किताब होगा। पीओएस मशीन के जरिए शराब बेचने का मसौदा तैयार किया है। पीओएस मशीन की खरीदी के लिए जल्द ही बिड जारी को जाएगी। इसके बाद सभी 3,553 शराब दुकानों पर पीओएस के जरिए ही शराब बिकेगी।
बगैर पीओएस के ही बेची जा रही शराब
मौजूदा शराब नीति में पीओएस मशीन से शराब बेचने का प्रविधान है, लेकिन तीन माह से बगैर पीओएस के ही शराब बेची जा रही है। भोपाल सहित प्रदेशभर की अधिकांश शराब दुकानों में महंगे दामों में शराब बेचने के प्रकरण सामने आए हैं।
गड़बड़ियों पर रोक लगाने के लिए उठाया कदम
कुछ जिलों में कलेक्टर के निर्देश पर शराब दुकानों पर अर्थदंड की कार्रवाई की गई, लेकिन इसका कोई खास असर नहीं पड़ा। ऐसे में शराब दुकानों से महंगी शराब बेचने या अन्य गड़बड़ियों पर रोक लगाने के लिए आबकारी विभाग ने यह कदम उठाया है। इस व्यवस्था के लागू होने से शराब ठेकेदार एमआरपी से ज्यादा या कम में शराब नहीं बेच सकेगा।

More Stories
MP Weather Alert: अगले 48 घंटे झमाझम बारिश के आसार, मालवा-निमाड़ के 12 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
आरपीएफ ने ₹70 हजार मूल्य का लैपटॉप व महत्वपूर्ण दस्तावेजों से भरा बैग यात्री को सकुशल लौटाया
केन्द्रीय मंत्री सिंधिया के नेतृत्व और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के सहयोग से ग्वालियर को मिला देश का पहला Telecom Manufacturing Zone